गिरिडीह के जमुआ मुख्य मार्ग की स्थिति इतनी खराब हो चुकी है कि लोगों का चलना-फिरना तक मुश्किल हो गया है। हर दिन हो रही सड़क दुर्घटनाओं और जलजमाव से आमजन परेशान हैं, लेकिन प्रशासन की चुप्पी ने हालात और बिगाड़ दिए हैं। हालात इतने खराब हो गए कि विद्यालय जाने वाले छोटे-छोटे बच्चे भी अपने शिक्षकों के साथ सड़क पर उतर आए और जाम लगाकर विरोध दर्ज कराया। इसके बावजूद मौके पर कोई प्रशासनिक अधिकारी नहीं पहुंचा, जिससे स्थानीय लोगों में रोष देखा गया।

स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ता पवन कंधवे ने बताया कि सड़क पर गहरे गड्ढों और जलजमाव के कारण आमजन के साथ-साथ छात्र भी प्रभावित हो रहे हैं। लंबे समय से लोग मरम्मत की मांग कर रहे हैं, लेकिन जिम्मेदार विभाग के कान पर जूं तक नहीं रेंग रही। अब सवाल यह है कि कब तक गिरिडीह की जनता इस जर्जर सड़क की मार झेलेगी और प्रशासन नींद से कब जागेगा













