झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन अपने पिता और झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के संस्थापक शिबू सोरेन के निधन और श्राद्ध कर्म के बाद आज सोमवार को रांची लौट रहे हैं। 5 अगस्त से वह रामगढ़ स्थित अपने पैतृक गांव नेमरा में ही थे, जहां पूरे पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ उन्होंने श्राद्ध संस्कार पूरे किए। रविवार को सीएम ने दिशोम गुरु की अस्थियां दामोदर नदी में प्रवाहित कीं और सपरिवार रजरप्पा मंदिर पहुंचकर धार्मिक अनुष्ठान किया।
सूत्रों के मुताबिक रांची लौटने के बाद सीएम हेमंत सोरेन का पहला कार्यक्रम घाटशिला जाने का हो सकता है। यहां वह हाल ही में दिवंगत हुए राज्य के शिक्षा मंत्री रामदास सोरेन के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना देंगे। पिता के श्राद्ध कर्म में व्यस्त होने के कारण सीएम उनके अंतिम संस्कार में शामिल नहीं हो पाए थे, हालांकि उन्होंने सोशल मीडिया पर एक भावुक संदेश लिखकर श्रद्धांजलि दी थी।
गौरतलब है कि 15 अगस्त की रात दिल्ली के अपोलो अस्पताल में शिक्षा मंत्री रामदास सोरेन का निधन हो गया था। 16 अगस्त को उनका पार्थिव शरीर रांची लाया गया, जहां विधानसभा परिसर में राज्यपाल, मंत्री और कई विधायक मौजूद रहे। राजकीय सम्मान के साथ जमशेदपुर के घोड़ाबांधा में उनका अंतिम संस्कार किया गया था। अंतिम यात्रा में हजारों लोग शामिल हुए थे और पूरे क्षेत्र में गमगीन माहौल था।












