गिरिडीह कॉलेज के पास शनिवार को जिला प्रशासन ने अतिक्रमण के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करते हुए 50 से अधिक अस्थायी दुकानों और ठेलों को हटाकर जमींदोज कर दिया। बगैर बड़ी पूर्व सूचना के हुई इस बुलडोजर कार्रवाई से क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। आक्रोशित दुकानदारों और स्थानीय लोगों ने विरोध में सड़क जाम कर दिया, जिससे यातायात बाधित हो गया।

दुकानदारों का आरोप है कि प्रशासन ने बिना ताजा नोटिस दिए सीधे कार्रवाई कर दी, जिससे गरीबों की रोजी-रोटी पर संकट खड़ा हो गया। वहीं, बेंगाबाद की सीओ प्रयंका प्रियदर्शी ने कहा कि पहले तीन बार नोटिस दिया गया था और यह क्षेत्र अतिक्रमण के साथ-साथ असामाजिक गतिविधियों का केंद्र बन गया था। कॉलेज परिसर की गरिमा और छात्रों की सुरक्षा को देखते हुए यह कदम उठाया गया।

शहर में इस कार्रवाई को लेकर दो राय बन गई है—एक तरफ लोग इसे सुधार मान रहे हैं, तो दूसरी तरफ इसे गरीबों पर अन्याय बताया जा रहा है। अब नजरें प्रशासन की वैकल्पिक व्यवस्था पर टिकी हैं।













