फॉरवर्ड ब्लॉक ने मोदी सरकार द्वारा लागू किए गए चार लेबर कोड को मजदूर विरोधी बताते हुए इसके खिलाफ 26 नवंबर को होने वाले देशव्यापी प्रतिवाद कार्यक्रम को सफल बनाने की अपील की है। मोतीलेदा पंचायत के कोल्हरिया में आयोजित बैठक को संबोधित करते हुए जिला संयोजक राजेश यादव ने कहा कि नए लेबर कोड मजदूरों के पुराने श्रम अधिकार छीनते हैं और उन्हें ठेकेदारों व कंपनियों के शोषण के लिए खुला छोड़ देते हैं।

उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार 8 घंटे की जगह 12 घंटे काम का दबाव, महिला मजदूरों से रात्रिकालीन कार्य और मजदूर वर्ग की आवाज दबाने जैसे प्रावधानों को बढ़ावा दे रही है। यादव ने कहा कि किसान कानूनों की तरह मजदूर भी सरकार की नीतियों के खिलाफ एकजुट होकर लड़ाई लड़ेंगे। बैठक में उपस्थित मजदूर नेताओं ने गिरिडीह में होने वाले प्रतिवाद में शामिल होने का संकल्प भी लिया।












