पटना सिविल कोर्ट को शुक्रवार को बम से उड़ाने की धमकी मिलने से हड़कंप मच गया। एक मेल में दावा किया गया कि कोर्ट कैंपस और जजों के रूम में 4 RDX आईईडी लगाए गए हैं। इसमें यह भी लिखा गया कि यह अभियान पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के सहयोग से चलाया जा रहा है। धमकी मिलते ही कोर्ट में अफरातफरी का माहौल बन गया और सभी जजों व वकीलों को तत्काल बाहर निकाल लिया गया।
जैसे ही पुलिस को इसकी जानकारी मिली, डॉग स्क्वॉड और बम निरोधक दस्ता कोर्ट कैंपस में पहुंच गया। करीब 4 घंटे तक तलाशी अभियान चला, लेकिन किसी तरह का विस्फोटक बरामद नहीं हुआ। कोर्ट परिसर में सभी कमरों, पार्किंग और रिकॉर्ड रूम तक की बारीकी से जांच की गई। हालांकि, धमकी मेल भेजने वाले का अभी तक पता नहीं चल सका है। पुलिस ने साइबर सेल की मदद ली है और मेल के सोर्स को ट्रेस करने की कोशिश की जा रही है।
वकीलों का कहना है कि धमकी गुरुवार को मिली थी लेकिन जांच शुक्रवार को शुरू हुई। इस पर नाराजगी जताते हुए अधिवक्ता ऋषिकेश नारायण सिन्हा ने कहा, “यह पूरी तरह लापरवाही का मामला है। यह दूसरी बार धमकी आई है। जिस वक्त जानकारी मिली, हम लोग कोर्ट में काम कर रहे थे और अचानक अफरा-तफरी मच गई। जज और वकील सभी जल्दी-जल्दी बाहर निकले। आज का पूरा कामकाज प्रभावित हुआ है।” वहीं, सीनियर अधिवक्ता कौशल किशोर ने भी कहा कि पिछली धमकी का अब तक कोई निष्कर्ष नहीं निकला और काम बार-बार ठप हो रहा है।
पटना सेंट्रल एसपी दीक्षा ने बताया कि अब तक की जांच में कोई विस्फोटक नहीं मिला है। उन्होंने कहा कि पहली नजर में यह लोगों को डराने की कोशिश लगती है। इस मामले में EOU और साइबर एक्सपर्ट्स की टीम भी जांच में जुट गई है। उन्होंने कहा कि पिछली बार जो धमकी मिली थी, उसकी साइबर जांच अभी जारी है और इस बार भी मेल की पूरी जांच कराई जाएगी। पुलिस प्रशासन का कहना है कि कोर्ट परिसर की सुरक्षा और मजबूत की जाएगी ताकि इस तरह की घटनाओं से कामकाज प्रभावित न हो।












