गिरिडीह। जमुआ पूर्वी क्षेत्र के गम्हारडीह में रविवार को भक्ति और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिला, जहां श्री लक्ष्मीकुबेर 108 कुण्डीय नवदिवसीय श्री राम कथा महायज्ञ का भव्य शुभारंभ किया गया। आयोजन के तहत निकाली गई विशाल कलश यात्रा में हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लिया। 501 कन्याओं और महिलाओं ने सिर पर कलश धारण कर गाजे-बाजे और ‘जय श्री राम’ के जयघोष के साथ गम्हारडीह से बिजहीया स्थित मुंगो नदी तक यात्रा निकाली। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच जल संकल्प के बाद श्रद्धालु यज्ञशाला लौटे, जहां विधि-विधान से कलश स्थापना की गई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जिला परिषद अध्यक्ष Muniya Devi शामिल हुईं।

महामंडलेश्वर पीठाधीश्वर Swami Brahmand Puri के सानिध्य में आयोजित इस महायज्ञ का उद्देश्य धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक जागरूकता फैलाना भी है। उन्होंने कहा कि यज्ञ के माध्यम से युवाओं को संस्कृति और संस्कारों से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। आयोजन की विशेषता आयुर्वेद चिकित्सा शिविर है, जिसमें डायबिटीज, बीपी, मिर्गी और अन्य बीमारियों का उपचार रियायती दर पर किया जाएगा।












