गिरिडीह माले नेता राजेश सिन्हा ने जिले के प्रमुख पर्यटन स्थलों खंडोली, वाटरफॉल, बडाकर समेत अन्य दर्जनों स्थानों पर जनवरी माह तक शराब पीने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि दिसंबर और जनवरी में लाखों लोग इन स्थलों पर पिकनिक और मनोरंजन के लिए आते हैं, लेकिन टूटे-फूटे शराब की बोतलों और नशे की स्थिति के कारण बच्चों, महिलाओं और परिवारों को चोट और असुविधा होती है। उन्होंने प्रशासन से अपील की कि पर्यटन स्थलों पर एक अस्थायी स्वास्थ्य केंद्र और पुलिस की विशेष जांच टीम लगातार अलर्ट मोड में रहे ताकि दुर्घटनाओं और झगड़ों को रोका जा सके।

सिन्हा ने बताया कि अंग्रेजों के समय से भारत में अंग्रेजी शराब का इतिहास रहा है और अब कानून में ढील के कारण सार्वजनिक स्थलों पर शराब की बिक्री बढ़ गई है। उन्होंने कहा कि प्रशासन को पर्यटन स्थलों पर शराब पीने वालों के खिलाफ सख्ती बरतनी चाहिए, जिससे सुरक्षित और शांतिपूर्ण माहौल बन सके और परिवारिक लोग भी पर्यटन का आनंद ले सकें।












