गिरिडीह जिले के सलैया रेलवे स्टेशन के समीप स्थित बूढ़ा तालाब को रेलवे प्रशासन द्वारा सुरक्षा कारणों से दोनों ओर से घेराबंदी किए जाने का स्थानीय लोगों ने विरोध किया है। ग्रामीणों का कहना है कि यह तालाब वर्षों से माणिक लालो, तिवारीडीह, हांडाडीह, सलैया और सिखदारडीह गांव के लोगों के दैनिक जीवन का अहम हिस्सा रहा है। लोग नहाने, पशुओं के लिए पानी, घरेलू उपयोग सहित अन्य आवश्यक जरूरतों के लिए इसी तालाब पर निर्भर हैं।

ग्रामीणों का आरोप है कि यदि तालाब की पूरी तरह घेराबंदी कर दी गई तो आम जनता के लिए इसका उपयोग संभव नहीं रहेगा, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ेगा। इसी को लेकर स्थानीय ग्रामीणों ने घेराबंदी का विरोध करते हुए रेलवे प्रशासन से जनहित में वैकल्पिक व्यवस्था करने या अपने निर्णय पर पुनर्विचार करने की मांग की। मौके पर पूर्व मुखिया प्रतिनिधि ठाकुरदास, समाजसेवी कमल दास, सीताराम दास, मनोज दास, रविदास गोल्डन, रफीक अंसारी, लालू मिर्जा और नसीम शेख सहित कई ग्रामीण मौजूद थे। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे।












