चुनाव आयोग ने झारखंड, मिजोरम और जम्मू-कश्मीर की खाली पड़ी विधानसभा सीटों पर उपचुनाव की तारीखों की घोषणा कर दी है। आयोग की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार, इन तीनों राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश में 16 नवंबर 2025 तक उपचुनाव की प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी। यह सीटें हाल ही में विधायकों के निधन के बाद खाली हुई थीं। उपचुनाव को लेकर राजनीतिक दलों में हलचल तेज हो गई है, वहीं स्थानीय स्तर पर जनता में भी चुनावी उत्सुकता दिखाई दे रही है। आयोग ने कहा कि सभी चरणों में आदर्श आचार संहिता का सख्ती से पालन कराया जाएगा और पारदर्शिता को प्राथमिकता दी जाएगी।
झारखंड की 45-घाटशिला (ST) विधानसभा सीट पर उपचुनाव होने जा रहा है, जो राम दास सोरेन के निधन के बाद 15 अगस्त 2025 को खाली हुई थी। इस सीट पर नया विधायक चुनने की प्रक्रिया अब तय हो चुकी है। निर्वाचन आयोग ने बताया कि 21 अक्टूबर 2025 को नामांकन की अंतिम तारीख होगी, जबकि 22 अक्टूबर को नामांकन की जांच की जाएगी। उम्मीदवारों को 24 अक्टूबर तक अपने नाम वापस लेने का अवसर मिलेगा। मतदान 11 नवंबर को सुबह 7 बजे से शाम 5 बजे तक होगा। झारखंड में यह चुनाव न केवल एक सीट के लिए बल्कि सत्तारूढ़ गठबंधन और विपक्षी दलों के जनसमर्थन की परीक्षा के रूप में देखा जा रहा है।
मिजोरम की 2-डांपा (ST) सीट और जम्मू-कश्मीर की 77-नागरोटा विधानसभा सीट पर भी उपचुनाव 16 नवंबर तक कराए जाएंगे। मिजोरम की सीट लालरिंतलुआंगा सैलो के निधन के कारण 21 जुलाई 2025 को खाली हुई थी, जबकि नागरोटा सीट 31 अक्टूबर 2024 को देवेंद्र सिंह राणा के निधन के बाद रिक्त हुई थी। दोनों ही जगहों पर 21 अक्टूबर तक नामांकन दाखिल होंगे और 22 अक्टूबर को जांच की जाएगी। मतदान 11 नवंबर को होगा — मिजोरम में सुबह 7 से शाम 4 बजे तक और जम्मू-कश्मीर में 7 से 5 बजे तक। राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, ये उपचुनाव तीनों राज्यों में क्षेत्रीय समीकरणों और जनता के मूड का संकेत देंगे, जो 2026 के आम चुनावों की दिशा तय कर सकते हैं।












