गिरिडीह : 20 सितंबर को प्रस्तावित रेल टेका-डहर छेका आंदोलन के मद्देनज़र जिला प्रशासन, रेलवे पुलिस और आरपीएफ अलर्ट मोड पर हैं। कुडमी समाज द्वारा आदिवासी जनजाति में शामिल किए जाने की मांग को लेकर देशभर में रेल रोको आंदोलन की घोषणा की गई है। इसी कड़ी में शुक्रवार को गिरिडीह पुलिस अधीक्षक ने आरपीएफ अधिकारियों के साथ पारसनाथ रेलवे स्टेशन और आसपास के क्षेत्रों का दौरा कर सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की।
निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक ने सुरक्षा बलों को सतर्क रहने और हर परिस्थिति पर पैनी नजर बनाए रखने का सख्त निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि आंदोलन के दौरान किसी भी कीमत पर रेलवे संपत्ति को नुकसान नहीं होने दिया जाएगा। अगर कोई व्यक्ति या समूह कानून-व्यवस्था भंग करने की कोशिश करता है तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस अधीक्षक ने आरपीएफ और जिला पुलिस को संयुक्त समन्वय के साथ काम करने का आदेश दिया। साथ ही, स्टेशन परिसर और ट्रैक के आसपास लगातार गश्त बढ़ाने, भीड़-नियंत्रण की पुख्ता तैयारी करने और हर संवेदनशील इलाके पर निगरानी रखने पर जोर दिया। आंदोलन के दौरान त्वरित कार्रवाई के लिए पुलिस बल और आरपीएफ के बीच तालमेल सुनिश्चित करने की भी बात कही गई।
यात्रियों और आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए रेलवे और जिला प्रशासन ने व्यापक इंतजाम किए हैं। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया है कि रेल रोको आंदोलन के दौरान शांति और व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर स्तर पर ठोस कदम उठाए जाएंगे। प्रशासन की ओर से साफ किया गया है कि लोगों की सुविधा और सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होगी, इसलिए किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए सुरक्षा बल हर समय तैयार रहेंगे।












