गिरिडीह, 11 सितंबर 2025। जिले में लगातार बढ़ते सड़क हादसों को रोकने और लोगों को यातायात नियमों के प्रति अधिक सजग बनाने के उद्देश्य से जिला परिवहन विभाग की ओर से विशेष पहल की गई। जिला परिवहन पदाधिकारी संतोष कुमार के नेतृत्व में बारवाडीह ग्राउंड, गिरिडीह में आज नये ड्राइविंग लाइसेंस के लिए आए उम्मीदवारों का ड्राइविंग टेस्ट लिया गया। इस दौरान सिर्फ औपचारिक जांच तक सीमित न रहते हुए, उन्हें सड़क सुरक्षा और नियमों की महत्ता पर विस्तृत जानकारी दी गई। परिवहन विभाग की यह कोशिश केवल ड्राइविंग लाइसेंस देने तक सीमित नहीं रही बल्कि इसमें जिम्मेदार और सुरक्षित चालक तैयार करने पर भी जोर दिया गया।
जागरूकता कार्यक्रम के दौरान उम्मीदवारों को यातायात नियमों के अनुपालन की अहमियत समझाई गई। मौके पर “हिट एंड रन” और “गुड सेमैरिटन” योजना के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई, ताकि सड़क पर होने वाले हादसों के समय लोग एक-दूसरे की मदद कर सकें और कानूनी परेशानियों से भी न घबराएं। संतोष कुमार ने उपस्थित युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि सड़क पर गाड़ी चलाना केवल सुविधा नहीं बल्कि एक बड़ी जिम्मेदारी भी है। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि वाहन चलाते समय हमेशा हेलमेट और सीट बेल्ट का इस्तेमाल करें और ओवरस्पीडिंग से बचें, क्योंकि लापरवाही से की गई ड्राइविंग कई परिवारों की खुशियां छीन सकती है।
इस मौके पर प्रतिभागियों के बीच सड़क सुरक्षा से जुड़ी हैंडबुक और पंपलेट का वितरण भी किया गया। इन पुस्तिकाओं में सरल भाषा में ट्रैफिक सिग्नल, स्पीड लिमिट, पार्किंग नियम, ड्राइविंग के दौरान मोबाइल फोन का इस्तेमाल न करने जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं। इसके अलावा सड़क पर पैदल चलने वालों और साइकिल सवारों की सुरक्षा पर भी विशेष जोर दिया गया। जिला परिवहन विभाग का यह कदम खासकर युवाओं के लिए एक सशक्त संदेश था कि ड्राइविंग केवल कौशल नहीं बल्कि अनुशासन और जिम्मेदारी का भी प्रतीक है।
कार्यक्रम के अंत में उम्मीदवारों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह की गतिविधियाँ उन्हें न केवल लाइसेंस पाने में मदद करेंगी बल्कि एक जिम्मेदार चालक बनने की राह भी दिखाएंगी। टीम पीआरडी गिरिडीह और जिला परिवहन कार्यालय ने यह साफ कर दिया कि सड़क सुरक्षा उनके लिए सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसी कड़ी में आने वाले समय में भी ऐसे कई जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। गिरिडीह में आयोजित यह कार्यक्रम इस बात का प्रमाण है कि अगर प्रत्येक चालक सड़क नियमों का पालन करे तो दुर्घटनाओं की संख्या में उल्लेखनीय कमी आ सकती है और सड़कें सभी के लिए सुरक्षित बन सकती हैं।












