दक्षिण कोरिया की दिग्गज कंपनी एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स अपने भारतीय यूनिट से 15,000 करोड़ रुपये का आईपीओ लाने की तैयारी में है। कंपनी इस इश्यू के जरिए करीब 10.2 करोड़ शेयर यानी 15 प्रतिशत हिस्सेदारी घटाने की योजना बना रही है। यह साल 2025 का अब तक का सबसे बड़ा आईपीओ होगा। जानकारी के मुताबिक, दिसंबर 2024 में कंपनी ने ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) दाखिल कराया था, जिसे सेबी से मंजूरी मिल चुकी है। इससे पहले कंपनी ने अप्रैल-मई 2025 में इसे लॉन्च करने की योजना बनाई थी, लेकिन बाजार में उतार-चढ़ाव, टैरिफ विवाद और कम वैल्यूएशन की वजह से इसे स्थगित कर दिया गया था।
अब कंपनी ने अक्टूबर 2025 में लॉन्च की तारीख तय की है क्योंकि वर्तमान में प्राइमरी मार्केट में मजबूत तेजी देखने को मिल रही है। DRHP के अनुसार, इस इश्यू के लिए मॉर्गन स्टेनली इंडिया, जेपी मॉर्गन इंडिया, एक्सिस कैपिटल, बोफा सिक्योरिटीज इंडिया और सिटीग्रुप ग्लोबल मार्केट्स इंडिया को बुक-रनिंग लीड मैनेजर नियुक्त किया गया है। वहीं, केफिन टेक्नोलॉजीज इस इश्यू का रजिस्ट्रार होगा। आईपीओ निवेशकों के लिए बड़ा अवसर साबित हो सकता है क्योंकि भारतीय बाजार में इस समय निवेशकों का रुझान तेजी से बढ़ रहा है।
2025 में अब तक करीब 30 कंपनियां 60,000 करोड़ रुपये से अधिक जुटा चुकी हैं, जिसमें HDB फाइनेंशियल सर्विसेज का 12,500 करोड़ का आईपीओ सबसे आगे रहा। एलजी का यह कदम न केवल भारतीय बाजार में उसकी स्थिति को मजबूत करेगा, बल्कि वैश्विक निवेशकों का ध्यान भी आकर्षित करेगा। आने वाले समय में टाटा कैपिटल (17,200 करोड़ रुपये), ग्रो, मीशो, फोनपे, बोट, वीवर्क इंडिया, लेंसकार्ट, शैडोफैक्स और फिजिक्स वाला जैसी बड़ी कंपनियों के आईपीओ भी लॉन्च होने वाले हैं। ऐसे में अक्टूबर में एलजी का आईपीओ लॉन्च होना निवेशकों के लिए साल का सबसे चर्चित निवेश अवसर साबित हो सकता है।












