जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले से माता वैष्णो देवी धाम की ओर जाने वाला आस्था का सफर इस बार मातम में बदल गया। मंगलवार दोपहर अचानक हुए भीषण भूस्खलन ने श्रद्धालुओं की जान ले ली। कटरा से अर्धकुवारी के बीच इंद्रप्रस्थ भोजनालय के पास हुए इस हादसे में अब तक 30 श्रद्धालु अपनी जान गंवा चुके हैं, जबकि कई गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं। हादसे के बाद यात्रा को तत्काल रोक दिया गया और घायलों को नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया।
अचानक आए इस प्राकृतिक कहर ने श्रद्धालुओं को संभलने का मौका तक नहीं दिया। मलबे की चपेट में आए लोगों को बचाने के लिए सेना और एनडीआरएफ की टीमें मोर्चा संभाले हुए हैं। घटनास्थल पर जवान लगातार राहत और बचाव कार्य में जुटे हुए हैं और श्रद्धालुओं को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया जा रहा है। हादसे की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने पूरे क्षेत्र में अलर्ट घोषित कर दिया है। इस बीच माता वैष्णो देवी यात्रा को अस्थायी रूप से स्थगित कर दिया गया है।
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने पहले ही जम्मू-कश्मीर में भारी बारिश को लेकर चेतावनी जारी की थी। विभाग ने रियासी, डोडा, किश्तवाड़, रामबन, कठुआ, पुंछ और उधमपुर समेत कई जिलों में रेड अलर्ट जारी किया है। बारिश से नदियाँ उफान पर हैं और यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ है। हालात बिगड़ने के चलते मंगलवार को 17 और बुधवार को 22 ट्रेनें रद्द करनी पड़ीं। मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे सुरक्षित स्थानों पर रहें और अनावश्यक यात्रा से बचें।












