गिरिडीह जिले के जमुआ-गिरिडीह मुख्य मार्ग पर सोमवार को एक दर्दनाक सड़क हादसे में 20 वर्षीय युवक उमेश यादव की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसका साथी विकास यादव गंभीर रूप से घायल हो गया। यह हादसा कारोडीह स्थित कस्तूरबा विद्यालय के पास उस वक्त हुआ, जब दोनों युवक पल्सर बाइक (JH 11AR 8795) पर सवार होकर कहीं जा रहे थे। अचानक बाइक का संतुलन बिगड़ा और दोनों युवक सड़क पर गिर पड़े।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बाइक काफी तेज रफ्तार में थी और मोड़ पर असंतुलित हो गई। गिरते ही उमेश यादव को गंभीर चोटें आईं और उसने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। उमेश यादव, ग्राम कारोडीह निवासी पूरण यादव का इकलौता बेटा था। हादसे के बाद इलाके में शोक की लहर दौड़ गई। वहीं, घायल विकास यादव को स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए निजी एम्बुलेंस से गिरिडीह अस्पताल भेज दिया, जहां उसका इलाज जारी है।
इस दर्दनाक हादसे की सूचना मिलते ही जमुआ थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है और आगे की जांच प्रक्रिया शुरू कर दी है। परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। उमेश की असमय मृत्यु से पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि इस मार्ग पर सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जाए, ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। कस्तूरबा विद्यालय के पास अक्सर वाहन चालकों को मोड़ पर दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। हादसे के बाद फिर एक बार यह सवाल उठता है कि क्या हमारी सड़कें तेज रफ्तार और लापरवाही का बोझ झेल पाने में सक्षम हैं?












